(अनौपचारिक पत्र)
(नमूना उत्तर)
दिनांक : 12 फरवरी 2026
सागर/सागरिका सोनवणे,
204 अ, संत ज्ञानेश्वर नगर,
नांदगांव।
प्रिय सोहन/सुहानी,
सप्रेम नमस्ते।
आशा है, तुम स्वस्थ और प्रसन्न होगे/होगी। कल ही तुम्हारा पत्र मिला और यह जानकर मुझे बहुत आनंद हुआ कि जिला स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी में तुम्हारे ‘जल संचयन’ मॉडल को प्रथम पुरस्कार मिला है। तुम्हें इस सफलता के लिए मेरी ओर से हार्दिक बधाई!
मुझे पता है कि इस मॉडल के लिए तुमने कई महीनों तक लगन से मेहनत की थी। तुम्हारी जिज्ञासा, परिश्रम और शिक्षकों के मार्गदर्शन का ही यह फल है। तुमने अपने विद्यालय और माता-पिता का नाम रोशन किया है। मुझे विश्वास है कि राज्य स्तरीय प्रदर्शनी में भी तुम इसी तरह सफलता प्राप्त करोगे/करोगी।
आगे भी इसी उत्साह से विज्ञान के नए-नए प्रयोग करते रहना। मेरी शुभकामनाएँ सदा तुम्हारे साथ हैं।
चाचाजी-चाचीजी को मेरा प्रणाम कहना।
तुम्हारा मित्र/तुम्हारी सहेली,
सागर/सागरिका सोनवणे
अथवा
(औपचारिक पत्र)
(नमूना उत्तर)
दिनांक : 18 मार्च 2026
प्रति,
माननीय आयुक्त,
महानगरपालिका,
पुणे।
विषय : अशुद्ध एवं अनियमित जलपूर्ति के संबंध में शिकायत।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि मैं मोहन/मोहिनी दाभाडे, 55 अरिहंत नगर, पुणे का/की निवासी हूँ। पिछले दो महीनों से हमारे क्षेत्र में जलपूर्ति अत्यंत अनियमित और अशुद्ध हो गई है। नल से दिन में केवल आधे घंटे ही पानी आता है, वह भी मटमैला और दुर्गंधयुक्त। पानी में कीचड़ और कीड़े दिखाई देते हैं।
इस दूषित जल के कारण क्षेत्र में पेट की बीमारियाँ, पीलिया और त्वचा रोग फैल रहे हैं। बच्चे, वृद्ध और रोगी सबसे अधिक पीड़ित हैं। महिलाओं को दूर से पानी लाना पड़ता है। बार-बार मौखिक शिकायत करने पर भी कोई सुधार नहीं हुआ है।
अतः आपसे नम्र अनुरोध है कि क्षेत्र की पाइपलाइन की जाँच कराकर पर्याप्त एवं स्वच्छ जलपूर्ति सुनिश्चित करने की कृपा करें, ताकि नागरिकों को हो रही परेशानी दूर हो सके।
धन्यवाद।
भवदीय/भवदीया,
मोहन/मोहिनी दाभाडे
55, अरिहंत नगर, पुणे – 411007